देवेंद्र उपाध्याय: हम रोज़ बहुत से गाने सुनते हैं, कई कविताएँ हमारी आँखों के सामने से गुजरती हैं, पर कुछ… READ MORE
कोर्दुला कुजूर: विश्व आदिवासी दिवस पर विशेष कविता कुड़ुख़ भाषा में इन्ना एन्देर उल्ला इन्ना एन्देर उल्ला सोहन बरा पाड़ोत… READ MORE
सलोमी एक्का: मुंडा (या मुण्डा) जनजाति मुख्य रूप से झारखंड, ओडिशा, असम, मध्य प्रदेश, बंगाल, और अंडमान में निवास करती… READ MORE
महिपाल: चैत का महीना शुरू होने वाला है और इन दिनों उत्तराखंड के जंगलों में काफल का फल पकने को… READ MORE
दुर्गा दीवान: छेरछेरा त्यौहार छत्तीसगढ़ का लोक पर्व है । अंग्रेज़ी के जनवरी माह में व हिन्दी के पुष पुन्नी… READ MORE
सिद्धार्थ: इंसान के पाषाण काल के दौर से आज तक के सफर को तय करने और इस दौरान विकसित होने… READ MORE
अफाक़ उल्लाह: चौक एज में घंटाघर से गुलाबबाड़ी की तरफ़ जाते हुए बायें हाथ पर एक 1920 के करीब शुरू… READ MORE
अफ़ाक उल्लाह: कई दिनों से बाराबंकी के अलग-अलग क्षेत्रों में बुनकर (हथकरघा) समुदाय के लोगों के साथ मिल-जुल रहे हैं।… READ MORE
युवानिया डेस्क: सोहराय पर्वसे संथाल आदिवासियों का एक प्रमुख पर्व है। इस पर्व को मनाने का मुख्य कारण धान पकाने… READ MORE
युवानिया पत्रिका, युवाओं को उनकी सोच को कलमबद्ध करने का एक मंच देने का प्रयास है। इस पत्रिका के माध्यम से हम मुख्यतः युवा मन के विचारों को सामने लाना चाहते हैं। साथ ही आस-पास के सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक परिदृष्य पर युवाओं के विचारों को भी साझा करना चाहते हैं।
Designed with WordPress