राकेश जाधव: नोट : यह लेख गाँव की एक वास्तविक घटना पर आधारित है। मैंने इस घटना को केवल एक… READ MORE
अंतरसिंग निगवाले: धूप से तपे पहाड़ों के बीच,मोड़दार पगडंडी पर,दो कच्चे दिलों ने एक-दूसरे को पहचाना-वह बारेला आदिवासी लड़का,और वह… READ MORE
नम्रता मिश्रा : इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय मज़दूर दिवस के 103 साल पूरे हो रहे हैं। भारत में पहली बार यह… READ MORE
विकास कुमार : 12वें विश्व नास्तिक सम्मेलन का सफलतापूर्वक आयोजन 4-5 जनवरी 2025 को आंध्र प्रदेश के विजयवाड़ा स्थित नास्तिक सेंटर… READ MORE
शैलेश समावेसी : सुबह से ही गाँव में बहुत चहल-पहल और शोर-शराबा देखने और सुनने को मिल रहा था। कोई… READ MORE
शैलेश सिंह: मैं शैलेश स्वतंत्रता दिवस की तैयारी के दौरान, केंद्र पर आने वाली सभी युवतियों से मिलना-जुलना कर रही… READ MORE
वेद मीना : नारी का वस्तुकरण से तात्पर्य नारी को कोई चीज़/भौतिक वस्तु समझने से है। जिसके प्रति न कोई… READ MORE
ब्रजेश कुमार निराला: अभी भी ऐसे लोग हैं जो शिक्षित होकर भी पुरानी मान्यताओं में विश्वास रखते हैं। उनको लगता… READ MORE
युवानिया पत्रिका, युवाओं को उनकी सोच को कलमबद्ध करने का एक मंच देने का प्रयास है। इस पत्रिका के माध्यम से हम मुख्यतः युवा मन के विचारों को सामने लाना चाहते हैं। साथ ही आस-पास के सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक परिदृष्य पर युवाओं के विचारों को भी साझा करना चाहते हैं।
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