गोवर्धन: ऐ फाल्गुण-फाल्गुण करे छौरा, फाल्गुण-फाल्गुण करे छौरा। फाल्गुणियों फाडुके है, फोयरा** फकड़ भोइरा। उई, उई, उई।*** ऐ बी मुड… READ MORE
गोवर्धन: मकर संक्रांति को हमारे क्षेत्र के भील आदिवासी उत्तरायण भी बोलते हैं। इसका शाब्दिक अर्थ सूर्य का वापिस उत्तर… READ MORE
(भीली भाषा का यह गीत खासकर कॉलेज, चुनाव व सामाजिक कार्यक्रमों में गाया जाता है।) जागो रे जागो आदिवासी भाइयो,… READ MORE
काकरी डूंगरी, डूंगरपुर ज़िले में है। यहाँ कंकड़ और पत्थर की बहुतायत के कारण इसका नाम काकरी डूंगरी पड़ा है।… READ MORE
युवानिया पत्रिका, युवाओं को उनकी सोच को कलमबद्ध करने का एक मंच देने का प्रयास है। इस पत्रिका के माध्यम से हम मुख्यतः युवा मन के विचारों को सामने लाना चाहते हैं। साथ ही आस-पास के सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक परिदृष्य पर युवाओं के विचारों को भी साझा करना चाहते हैं।
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