विलसन एक्का: वर्तमान समय में आदिवासी सवाल और उसकी चुनौतियाँ – वर्तमान समय को केवल एक ऐतिहासिक कालखंड मान लेना… READ MORE
अरविंद अंजुम: प्रोफेसर दिलीप सिमियन “क्षेत्रीयता का आग्रह हमारे जीवन का अभिशाप है, जबकि मेरी कल्पना का राज्य अनिवार्यतः भारतीय… READ MORE
|
अरविंद अंजुम: “आपने अगर कोई भी निश्चय न किया हो तो इतना निश्चय करें कि सच्चा तो रहना ही है।… READ MORE
मोहन सिंह: जब से बनी रे सरकारलूट रही जनता को – 2जनता को भाई जनता को – 2 मनमाने कानून बनाए.. जनता की… READ MORE
युवानिया पत्रिका, युवाओं को उनकी सोच को कलमबद्ध करने का एक मंच देने का प्रयास है। इस पत्रिका के माध्यम से हम मुख्यतः युवा मन के विचारों को सामने लाना चाहते हैं। साथ ही आस-पास के सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक परिदृष्य पर युवाओं के विचारों को भी साझा करना चाहते हैं।
Designed with WordPress