आनंद अंबादास कंजे: भारत हा मुळात कृषिप्रधान देश असल्यामुळे आजही सर्वाधिक रोजगार हा शेतीमधूनच मिळतो। तसेच भारतातील सर्वाधिक लोक हे… READ MORE
दीपांशु नेगी: वीरू नेगी ग्राम पुखरोड़ा, बारबीसी क्षेत्र, तहसील देवलथल, ज़िला पिथौरागढ़ के किसान हैं। लंबे समय से किसानी का… READ MORE
दिपक कांबळे आधुनिक पद्धतीला छेद देत युवा शेतकरी पारंपरिक पद्धतीने शेतीकडे वळताना दिसत आहे. ‘जुनं ते सोनं’ या म्हणीप्रमाणे आज… READ MORE
संजीव: यह कहानी भोनपुरा पंचायत और उसमें बहने वाली शांत निर्मल नदी के आक्रामक अँधेरी दस्तक की है। ग्वालियर शहर… READ MORE
अंतर निगवाले : बरखा आई धरती हँसी,घनघोर घटा गगन में बसी।ढोल मांदल बजे गाँव में,धरा में खेती किसानी हवाएं चलीहरिया… READ MORE
सुरेश डुडवे: आदिवासी समाज में शुरुआत से एक दूसरे के सुख-दुःख को अपना समझ कर चलने की विशेषता रही है,… READ MORE
युवानिया पत्रिका, युवाओं को उनकी सोच को कलमबद्ध करने का एक मंच देने का प्रयास है। इस पत्रिका के माध्यम से हम मुख्यतः युवा मन के विचारों को सामने लाना चाहते हैं। साथ ही आस-पास के सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक परिदृष्य पर युवाओं के विचारों को भी साझा करना चाहते हैं।
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