आशीष पंत: अच्छा!! लेखक कौन है?? एक पुरुष? वाकई, फिर पहचान मासिक धर्म क्यों??? हाँ, मैं एक पुरुष हूँ और… READ MORE
मोहन किराड़े: मुझे लगता है कि स्वास्थ्य विभाग की सारी सुविधाएं अर्ध शासकीय कर देना चाहिए क्योंकि लोग शासकीय सुविधा… READ MORE
युवानिया पत्रिका, युवाओं को उनकी सोच को कलमबद्ध करने का एक मंच देने का प्रयास है। इस पत्रिका के माध्यम से हम मुख्यतः युवा मन के विचारों को सामने लाना चाहते हैं। साथ ही आस-पास के सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक परिदृष्य पर युवाओं के विचारों को भी साझा करना चाहते हैं।
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