ओमप्रकाश वाल्मीकि: चूल्हा मिट्टी कामिट्टी तालाब कीतालाब ठाकुर का। भूख रोटी कीरोटी बाजरे कीबाजरा खेत काखेत ठाकुर का। बैल ठाकुर… READ MORE
जगदीश चौहान: भगतसिंह की किताब, मैं नास्तिक क्यों हूं?, अछूत की समस्या, और बाबासाहेब डॉ आंबेडकर की किताब जाति का… READ MORE
अमित: कहा जा रहा है कि भारत विश्व के सबसे जवान देशों में से एक है। हमारी आबादी का एक… READ MORE
कविता भील: यह तो आप सभी जानते हैं कि जाति क्या है। इस दुनिया में सभी व्यक्तियों की अलग-अलग जातियाँ… READ MORE
युवानिया पत्रिका, युवाओं को उनकी सोच को कलमबद्ध करने का एक मंच देने का प्रयास है। इस पत्रिका के माध्यम से हम मुख्यतः युवा मन के विचारों को सामने लाना चाहते हैं। साथ ही आस-पास के सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक परिदृष्य पर युवाओं के विचारों को भी साझा करना चाहते हैं।
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